बीजिंग. चीन के पुलिस विभाग में 6 क्लोन डॉग को भर्ती किया गया है। ये डॉग्स करीब तीन महीने के हैं। इनका जन्म अगस्त में हुआ था। पुलिस विभाग के मुताबिक, दुनिया में इस तरह का यह पहला प्रयोग है। अधिकारियों ने बताया कि इन्हें ट्रेनिंग दी जा रही है। 8 महीने के होने पर यह पूरी तरह ट्रेंड हो जाएंगे। नॉर्मल डॉग्स की तुलना में इनका दिमाग तेज है। इनके सीखने की क्षमता भी अच्छी है।
स्थानीय मीडिया के मुताबिक, क्लोनिंग प्रोग्राम का मकसद के-9 फोर्स को तैयार करना है, ताकि जानवरों को कम समय में ट्रेनिंग देकर बेहतर योग्यता हासिल की जा सके। यह सभी एक जैसे दिखते हैं और किसी प्रकार के वातावरण में एक जैसी परफॉर्मेंस दे सकते हैं। इन 6 डॉग्स को बीजिंग म्यूनिसिपल ब्यूरो ऑफ पब्लिक सिक्युरिटी के पुलिस डॉग बेस पर एक निजी पेट-क्लोनिंग कंपनी सिओजीन के सहयोग से तैयार किया गया है। कंपनी का ऑफिस भी बीजिंग में है।
6 में से 4 डॉग्स का 99% डीएनए मैच करता है
पुलिस डॉग ब्रीडिंग कोर टेक्नोलॉजी रिसर्च प्रोग्राम के प्रमुख मा जिनलेई के मुताबिक, 6 में से 4 डॉग्स का 99% डीएनए मैच करता है। ये बेलजियन मालिनॉइस प्रजाति के दो कुत्तों के बच्चे हैं। बेस ने इनकी क्षमता को देखते हुए इन्हें पुलिस के लिए चुना था। पहले के कुत्ते बूढ़े हो गए थे और उनकी क्षमताएं घट रही थी। इसीलिए नए कुत्तों का चयन जरूरी हो गया था।